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मस्जिद में बच्ची से हैवानियत के आरोपी मौलाना पुलिस मुठभेड़ में गिरफ्तार, पैर में लगी गोली।

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मस्जिद में बच्ची से दुष्कर्म का आरोपी मौलाना पुलिस मुठभेड़ में गिरफ्तार, पैर में लगी गोली

ख़बर पड़ताल ब्यूरो:- एक मस्जिद के भीतर मासूम बच्ची के साथ दुष्कर्म करने वाले मुख्य आरोपी जाकिर हाफिज को पुलिस ने एक संक्षिप्त मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया है। मुठभेड़ के दौरान पुलिस की जवाबी कार्रवाई में आरोपी के पैर में गोली लगी है, जिसके बाद उसे इलाज के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से एक अवैध तमंचा और कारतूस भी बरामद किए हैं।

क्या है पूरा मामला?
यह दर्दनाक घटना 07 जून 2026 की दोपहर करीब एक बजे की है। पुलिस को दी गई शिकायत के अनुसार, एक मासूम बच्ची मस्जिद में लगे वाटर कूलर से ठंडा पानी भरने गई थी। वहां बच्ची को अकेला देखकर आरोपी जाकिर हाफिज ने उसका मुंह दबा लिया और उसे जबरन अपने कमरे में ले गया, जहाँ उसने मासूम के साथ दुष्कर्म की वारदात को अंजाम दिया। घटना के बाद आरोपी ने बच्ची के साथ मारपीट की और किसी को भी बताने पर जान से मारने की धमकी देते हुए मौके से फरार हो गया था।
### पुलिस की त्वरित कार्रवाई और मुठभेड़
घटना की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) आदित्य लांग्हे ने आरोपी की त्वरित गिरफ्तारी के लिए पुलिस की दो विशेष टीमों का गठन किया था। पुलिस टीमें लगातार उसके संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही थीं।
इसी बीच मुखबिर से सटीक सूचना मिली कि आरोपी जाकिर हाफिज शहर छोड़कर भागने की फिराक में है। सूचना के आधार पर थाना रामगढ़ पुलिस ने तत्काल घेराबंदी की। खुद को पुलिस से घिरा देख आरोपी ने बचने के लिए पुलिस टीम पर जान से मारने की नीयत से फायरिंग कर दी। पुलिस ने भी आत्मरक्षार्थ जवाबी फायरिंग की, जिसमें एक गोली आरोपी के पैर में लगी और वह वहीं गिर गया।

कानून की गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज

परिजनों की तहरीर पर थाना रामगढ़ में आरोपी के खिलाफ

मु0अ0सं0 359/26 के तहत भारतीय न्याय संहिता (BNS) और पॉक्सो एक्ट की निम्नलिखित गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है:
BNS धारा 65(1): (महिला/बच्ची के खिलाफ गंभीर अपराध से संबंधित)
BNS धारा 351(2) व 115(2): (मारपीट और आपराधिक धमकी)
5f/6 पॉक्सो (POCSO) एक्ट: (धार्मिक या संरक्षण वाले स्थान पर नाबालिग से दरिंदगी)

पुलिस प्रशासन का कहना है कि आरोपी को अस्पताल से छुट्टी मिलने के बाद न्यायालय में पेश किया जाएगा और मामले की त्वरित जांच कर आरोपी को सख्त से सख्त सजा दिलाई जाएगी।


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